Ilahi (Reprise)

शामे मलंग सी
रातें सुरंग सी
बाघी उड़ान पे ही ना जाने क्यूँ
इलाही मेरा जी आये आये
इलाही मेरा जी आये आये

कल पे सवाल है
जीना फिलहाल है
खानाबदोशियों पे ही जाने क्यूँ

इलाही मेरा जी आये आये
इलाही मेरा जी आये आये

मेरा फलसफा कंधे पे मेरा बस्ता
चला मैं जहां ले चला मुझे रास्ता
बूंदों पे नहीं
बूंदों के समंदर पे

इलाही मेरा जी आये आये
इलाही मेरा जी आये आये

शामे मलंग सी
रातें सुरंग सी
बाघी उड़ान पे ही ना जाने क्यूँ
इलाही मेरा जी आये आये
इलाही मेरा जी आये आये



Credits
Writer(s): Rana Mazumder, Amitabh Bhattacharya
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