Dil Ibaadat (Rock)

दिल इबादत कर रहा है, धड़कने मेरी सुन
तुझको मैं कर लूँ हासिल लगी है यही धून
ज़िंदगी की शांख से लूँ कुछ हसीन पल मैं चुन
तुझको मैं कर लूँ हासिल लगी है यही धून

जो भी जीतने पल जिऊँ, उन्हें तेरे संग जिऊँ
जो भी कल हो अब मेरा उसे तेरे संग जिऊँ
जो भी साँसे मैं भरू, उन्हें तेरे संग भरू
चाहे जो हो रास्ता उसे तेरे संग चलू
दिल इबादत कर रहा है, धड़कने मेरी सुन
तुझको मैं कर लूँ हासिल लगी है यही धून

मुझको दे तू मिट जाने, अब खुदसे दिल मिल जाने
क्यों है यह इतना फासला
लम्हें यह फिर ना आने, इनको तू ना दे जाने
तू मुझ पे खुदको दे लूटा
तुझे तुझसे तोड़ लूँ, कही खुदसे जोड़ लूँ
मेरे जिस्म-ओ-जान मैं आ तेरी खुशबू ओढ़ लूँ
जो भी साँसे मैं भरू, उन्हें तेरे संग भरू
चाहे जो हो रास्ता उसे तेरे संग चलू
दिल इबादत कर रहा है, धड़कने मेरी सुन
तुझको मैं कर लूँ हासिल लगी है यही धून

बाहों में दे बस जाने, सिने में दे छुप जाने
तुझ बिन मैं जाऊं तो कहा
तुझसे है मुझे को पाने यादों के वो नज़राने
एक जिनपे हक़ हो बस मेरा
तेरी यादो में रहू, तेरे ख्वाबो में जगू
मुझे ढूंढे जब कोई, तेरी आँखो में मिलू
जो भी साँसे मैं भरू, उन्हें तेरे संग भरू
चाहे जो हो रास्ता उसे तेरे संग चलू
दिल इबादत कर रहा है, धड़कने मेरी सुन
तुझको मैं कर लूँ हासिल लगी है यही धून



Credits
Writer(s): Chakraborty Pritaam, Quadri Sayeed
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