Kab Tak Yaad Karoon Main

कब तक याद करूँ मैं उसको?
कब तक अश्क़ बहाऊँ?
कब तक याद करूँ मैं उसको?
कब तक अश्क़ बहाऊँ?

यारों रब से दुआ करो
मैं उसको भूल जाऊँ
यारों रब से दुआ करो
मैं उसको भूल जाऊँ

कब तक याद करूँ मैं उसको?
कब तक अश्क़ बहाऊँ?
यारों रब से दुआ करो
मैं उसको भूल जाऊँ

मैं उसको भूल जाऊँ
मैं उसको भूल जाऊँ
मैं उसको भूल जाऊँ
मैं उसको भूल जाऊँ

आज भी उसका चेहरा मेरी आँखों में रहता है
उसकी चाहत का एक दरिया इस दिल में बहता है
क़तरा-क़तरा खून बदन का उसकी याद निचोड़े
सारी दुनिया छूटी, उसकी याद ना पीछा ना छोड़े

आँखें बंद करूँ तो उसको अपने पास मैं पाऊँ
आँखें बंद करूँ तो उसको अपने पास मैं पाऊँ
यारों रब से दुआ करो
मैं उसको भूल जाऊँ

मैं उसको भूल जाऊँ
मैं उसको भूल जाऊँ
मैं उसको भूल जाऊँ
मैं उसको भूल जाऊँ

मैंने इश्क़ किया था उसकी सज़ा भी मैंने पाई
उठ ना पाऊँगा जीवन भर ऐसी ठोकर खाई
सब कुछ करना इस दुनिया में दिल ना यार लगाना
मेरे जैसा इश्क़ तुम्हें भी कर देगा दीवाना

दिल जलता है कैसे तुमको दिल के दाग दिखाऊँ
दिल जलता है कैसे तुमको दिल के दाग दिखाऊँ
यारों रब से दुआ करो
मैं उसको भूल जाऊँ

कब तक याद करूँ मैं उसको?
कब तक अश्क़ बहाऊँ?
कब तक याद करूँ मैं उसको?
कब तक अश्क़ बहाऊँ?

यारों रब से दुआ करो
मैं उसको भूल जाऊँ
यारों रब से दुआ करो
मैं उसको भूल जाऊँ

मैं उसको भूल जाऊँ
मैं उसको भूल जाऊँ
मैं उसको भूल जाऊँ
मैं उसको भूल जाऊँ

मैं उसको भूल जाऊँ
मैं उसको भूल जाऊँ
मैं उसको भूल जाऊँ
मैं उसको भूल जाऊँ



Credits
Writer(s): Nikhil-vinay, Akhtar Nafe
Lyrics powered by www.musixmatch.com

Link